तथ्य और सामान्य जिज्ञासा

यह अभियान राजनीति में अच्छे लोगों को सक्रिय करने का एक पवित्र प्रयास है। पत्रिका का मानना है कि अच्छे, साफ-सुथरी छवि, पढ़े-लिखे, और विकासवादी स्पष्ट सोच वाले लोग यदि राजनीति में सक्रिय होंगे तो इसका स्तर बेहतर होगा। अलग अलग पृष्ठभूमि से आये हुए ऐसे लोग राजनीति की धारा मोडम़कर भविष्य की स्वस्थ राजनीति की राह सुगम करेंगे।
इसके लिए कोई बंदिश नहीं है। चेंजमेकर्स का आशय बदलाव के नायकों से है। यदि आपको लगता है कि समाज और राजनीति की जो दशा है, उसमें बदलाव होना चाहिए, सूरत बदलनी चाहिए, यदि आपकी छवि साफ-सुथरी है, आपमें काबीलियत है, समाज के लिए कुछ कर गुजरने का माद्दा है, और आप तो आप चेंजमेकर के तौर पर अपना नामांकन भर सकते हैं। आप उस विधानसभा क्षेत्र, शहर और राज्य में लाखों लोगों के लिए प्रेरक बन सकते हैं। चेंजमेकर के तौर पर नामांकन के लिए आप सही पात्रों को प्रेरित भी कर सकते हैं। आप अच्छे किसान हैं या समाजसेवी, डॉक्टर, इंजीनियर, शिक्षाविद, राजनीतिक कार्यकर्ता, रिटायर्ड सरकारी कर्मचारी, अफसर या कुछ और, आपको खुद पर विश्वास है,तो आप चेंजमेकर के तौर पर नामांकन भरें।
आप इससे इनकार तो नहीं कर सकते कि स्वार्थ, जात-पांत, भ्रष्टाचार, दिशाहीनता, पंूजीप्रधानता, बाहुबलियों का प्रभाव, झूठे वादे आज की राजनीति की पहचान बन गये हैं। लेकिन इसकी वजह कौन? हम यह कहकर पल्ला झाड़ लेते हैं कि राजनीति के लिए पैसा चाहिए, लोगों की फौज चाहिए, आपका गॉडफादर होना चाहिए, जातीय समीकरण साथ होना चाहिए, तो एक बात और समझ लीजिए कि ऊपर लिखी व्याधियों का सामना आपके बच्चे और आने वाली पीढिय़ां भी करती रहेंगी, यदि अच्छे लोग आगे नहीं आये। यदि परिस्थितियां आपके पक्ष में हैं तो आप खुद उतरिए, अगर आपको लगता है कि आपके अंदर से आवाज है, अगर आपमें लीडरशिप के गुण हैं, दर्द है, संवेदना है तो पीछे मत हटिये। यदि आप इच्छुक नहीं हैं तो नजर दौड़ाइये, अच्छे लोगों को राजनीति में आने के लिए प्रेरित करिए। राजनीति को गंदा बताकर, परेशानी से बचने की कोशिश, भावी पीढिय़ों के लिए खतरनाक हो सकती है। समर्थ और अच्छी सोच वाले लोग राजनीति में उतरेंगे तो समाज तमाम व्याधियों से बचेगा।
नहीं, इसे जीत-हार के रूप में नहीं देखा जाएगा। हर विधानसभा क्षेत्र में स्क्रीनिंग के बाद घोषित दावेदारों को राजनीति के सुनहरे सितारों, आदर्श के रूप में देखा जाएगा। राजनीति के लिए बाहुबल, जात पांत को अपरिहार्य बताने वाली धारणाओं को ध्वस्त कर वे इस बात की जीती जागती अभिव्यक्ति होंगे कि आज की राजनीति में समाज उनके जैसे नायक चाहता है, उनके जैसे चेंजमेकर चाहता है। समाज चाहता है कि राजनीतिक दल इस स्तर के लोगों को सदनों में ले जाएं। इन दावेदारियों से भविष्य की राजनीति का स्तर पारिभाषित होगा। इन दावेदारों का रुझान किसी भी राष्ट्रीय, क्षेत्रीय, नये दल या निर्दलीय राजनीति के प्रति हो सकता है लेकिन सबका संकल्प और संदेश, स्वस्थ राजनीति ही होगा। अपने विधानसभा क्षेत्र, जिले, प्रदेश और देश के लिए आप इन चेंजमेकर्स को जन लोकपाल जैसा, सोशल ऑडिटर, विसल ब्लोअर, जन-गण सेनानी, जैसा भी मान सकते हैं। ये सभी दावेदार जनता की अपेक्षाओं, उसके सपनों के संवाहक किरदार होंगे।
यदि आप वकील, डॉक्टर, इंजीनियर, शिक्षक, कारोबारी, रिटायर्ड अधिकारी, किसान, क्षेत्र विशेष में समर्पित राजनीतिक कार्यकर्ता हैं या कुछ और।
आपके हिस्से में उपलब्धियां हैं, जीवन के हर कदम पर इसी समाज ने आपको सफलता दिलाई है।
मान-सम्मान, मेहनत और ईमानदारी की दौलत आपके पास है,
दकियानूसी राजनीति का अंत चाहते हैं,
...तो अब समाज का कर्ज लौटाने का वक्त है, राजनीति का स्तर उन्नत करने आप कदम बढ़ाइए, समाज आप जैसे बदलाव के नायकों के साथ है।
राजनीति के लिए आप सक्षम हैं या नहीं, इसके लिए कोई स्टैंडर्ड मानक तो पारिभाषित नहीं है, लेकिन इन सवालों से आप खुद को आंकिये जरूर-

अ. क्या राम बनकर रावण को मारने का साहस है?
साहस की परिभाषा किसी अन्य से मत पूछिए, खुद से सिर्फ एक सवाल कीजिए- क्या मैं सार्वजनिक रूप से सही को सही और गलत को गलत कह सकता हूं। भारत के संविधान, कानून, नीति-नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ रणभेरी बजा सकता हूं, भले ही सामने कोई भी हो। अगर जवाब हां है, तो आप राजनीति में सफल होंगे। अगर नहीं, तो आप किसी अन्य उचित प्रत्याशी को नामित कर जिम्मेदारी निभाएं।

ब. देश की खोई पहचान लौटा लाने का सपना देखते हैं क्या?
हमारे गौरवशाली अतीत का इतिहास गवाह है। हम सब इस बात के भी गवाह हैं कि विकास की क्षेत्रीय प्राथमिकताओं और सरकार की प्राथमिकताओं में दशकों से अंतर चला आ रहा है, अगर आपमें इस दूरी को खत्म करने की समझ और पुराना वैभव फिर हासिल करने की कसक है तो आगे बढि़ए।

स. अगर आपमें समाज-कर्तव्य का बोध है
स्वतंत्र भारत में अधिकार सबको हासिल हैं लेकिन कर्तव्य की बात कहीं पीछे छूट गई है। आप जिस तरह अपने परिवार के प्रति कर्तव्य का बोध रखते हैं, जैसी फिक्र करते हैं, वैसा ही भाव समाज के प्रति आता है, तो आप राजनीति की दिशा में आगे बढ़ें।

द.स्थितियां आपको बेचैन करती हैं
किसी पर अन्याय हो, हक मारा जा रहा हो, विकास में मनमानी, प्राथमिकताओं की उपेक्षा, आंखों के सामने भ्रष्टाचार, भाई-भतीजावाद, तंत्र में स्वार्थ का बोलबाला, ये सब आप देख नहीं पाते, बेचैन हो जाते हैं, हालात बदलना चाहते हैं, तो आगे आइए, राजनीति को आपकी जरूरत है।

ध. यदि आचरण की शुद्धता को ही साधन शुद्धि मानते हैं तो...
यदि आपको यह एहसास कचोटता है कि जिन जनप्रतिनिधियों के हाथों में हम अपना वर्तमान, भविष्य सब कुछ सौंपते हैं, उन किरदारों में आचरण की शुद्धता लुप्त होती जा रही है। यदि नेताओं का आचरण शुद्ध नहीं होगा तो राजनीति कैसे स्वच्छ होगी? साधन शुद्धि के लिए आपको आगे आना होगा।
ऐसी कोई गारंटी या वादा कतई नहीं है। लेकिन यह उम्मीद जरूर की जा सकती है, जब समाज हर विधानसभा क्षेत्र में अच्छे लोगों को इस मंच के माध्यम से आगे लाएगा, उन्हें अच्छा समर्थन साबित होगा, तो हर दल पर बेदाग, पढ़े लिखे और अच्छे प्रत्याशी उतारने का नैतिक दबाव बनेगा। इसके अलावा सभी दलों में अच्छे राजनेता भी हैं, कई निर्णायक भूमिकाओं में भी हैं, ऐसे लोग आपको जनता का समर्थन देखकर, उम्मीदवारी के लिए नाम आगे भी बढ़ा सकते हैं। हर विधानसभा क्षेत्र में अंतिम रूप से सामने आये दावेदारों के नाम सभी राजनीतिक दलों को प्रेषित भी किये जाएंगे।
इसकी कोई सीमा नहीं है। यह संख्या सौ-दो सौ कुछ भी हो सकती है। यह हर जागरूक नागरिक की जिम्मेदारी है कि अच्छे लोगों को समाज के सामने लाएं, उन्हें राजी करें, नामांकन भराएं और उनके समर्थन में समाज को खड़ा करें, ताकि यह भ्रम टूटे कि अच्छे लोगों को समाज का साथ नहीं मिलता, या वे राजनीति से नफरत करते हैं।
हां, नामांकन की अंतिम तिथि पत्रिका समाचार पत्र, पत्रिका ऐप, पत्रिका डॉट कॉम और पत्रिका फेसबुक पेज पर घोषित कर दी जाएगी।
25 वर्ष से कम उम्र का व्यक्ति नामांकन नहीं कर सकता। इसके अलावा यदि आप अदालत से दोषसिद्ध हैं, या आपके खिलाफ जघन्य अपराध का कोई मुकदमा चल रहा है, तो आपकी दावेदारी खारिज हो जाएगी। पत्रिका की जूरी सभी तथ्यों की पड़ताल के बाद ही दाखिल नामांकन स्वीकार करेगी। यदि किसी ने कोई झूठी जानकारी दी है, यह साबित होते ही दावेदारी खारिज हो जाएगी।
इस अभियान में आप स्वयंसेवी के रूप में भी जुड़ सकते हैं, आप अपने क्षेत्र में अच्छे दावेदार के लिए समर्थन जुटा सकते हैं,जन सरोकार के काम में हाथ बंटा सकते हैं, इवेंट आयोजित करने में मदद कर सकते हैं। पत्रिका ऐप आपके लिए खास बटन और फॉर्म है, उसे भरकर हमसे जुड़ें।
हां, आप किसी भी एक विधानसभा क्षेत्र से चेंजमेकर के तौर पर नामित हो सकते हैं। उस क्षेत्र में निवास होना बाध्यकारी नहीं है।
दावेदारी फार्म में अंतिम जानकारी भरते ही ऐप से आपको नामांकन पत्र दाखिल होने की सूचना मिल जाएगी। स्क्रूटनी के बाद आपका फार्म जैसे ही स्वीकार्य होगा, आप उस राज्य की उस विधानसभा क्षेत्र के चेंजमेकर्स की लिस्ट में नजर आ जाएंगे। इसके बाद आपको अगले कदम के बारे में सूचना समय समय पर दी जाती रहेगी।
क्या मेरे प्रपत्र की हर सूचना सार्वजनिक होगी?
नहीं, आपके फार्म के कुछ हिस्से ही सार्वजनिक होंगे, आप ऐप पर जाकर देख सकते हैं, आपका पता और फोन नंबर आदि सार्वजनिक नहीं होंगे।
हां, यदि आपने गलत जानकारी दी, या आप कोर्ट से दोष सिद्ध या जघन्य अपराध के आरोपी रहे हैं तो पत्रिका जूरी आपकी दावेदारी खारिज कर देगी।
इसका अर्थ है कि जो जानकारी मैं भर रहा हूं, उसकी प्रामाणिकता के लिए कानूनी रूप से मैं जिम्मेदार हूं, और मैं इसकी सत्यता की घोषणा करता हूं।
आप फैक्ट चेक विकल्प पर जाकर संंबंधित बॉक्स क्लिक करें, हमें मेल पर प्रमाण उपलब्ध कराएं, जांच में तथ्य सही साबित होने पर दावेदारी खारिज कर दी जाएगी। संबंधित के खिलाफ कानूनी कार्रवाई का विकल्प भी खुला है।
आप निकटवर्ती पत्रिका कार्यालय में जाकर मदद ले सकते हैं, वे आपको ऑनलाइन फॉर्म भरने में मदद कर, इसे पूर्ण कराएंगे।